अन्तकृद्दशांग सूत्र का भाषा-वैज्ञानिक विश्लेषण (Antakriddashang Sutra ka Bhasha-Vaigyanik Vishleshan)
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प्राकृतिक सम्पदा से समृद्ध झारखण्ड के सिमडेगा शहर के साथ सटे हुए टुकुपानी क्षेत्र में निर्मित तीन मंजिला भवन जो कि राष्ट्रीय राजमार्ग 143 अर्थात रांची-राउरकेला मार्ग पर अवस्थित है इस गुरुकुल भवन में ज्योतिष विद्या के प्रशिक्षण, जन्म कुण्डली आलेखन, ज्योतिषीय समाधान प्रदान करने के साथ-साथ विद्यार्थियों को धर्म और नैतिकता के संस्कार भी प्रदान किए जाते हैं। समय-समय पर शिविरों का आयोजन करके मजबूत भविष्य के लिए वर्तमान की नई पौध को सींचा जाता है। यह सब कार्य स्वयं आचार्य जी के द्वारा अथवा उनके मार्गदर्शन में गुरुमा एवं गुरुकुल परिवार के द्वारा किया जाता है। गुरुकुल में संचालित गतिविधियों की अधिक जानकारी के लिए हमारे यू-ट्यूब चैनल सर्वधर्म-समन्वय (SARVADHARMA SAMANVAY) में पधारें और कुछ पलों का अर्घ्य चढाएं।
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